• info@thesyaahi.com

Month: November 2018

मै औरत हूँ

हाँँ मैं औरत हूँ। मै कमजोर नही मै लाचार नही ना मैं कोमल सिसकती हुई कली हूँ। मुसलसल रोको मत

मै प्रेमी हूं

आज के इस दौर में, दौर, जो चुनावों का है, चुनाव, जो नेताओं का त्यौहार होता है, नेता, जो सिर्फ

Tribute: Dushyant Kumar – सलाम: दुष्यंत कुमार

हो गई है पीर पर्वत-सी पिघलनी चाहिए इस हिमालय से कोई गंगा निकलनी चाहिए आज यह दीवार, परदों की तरह

अमिट यादें तेरी

प्रेम प्रसंग की बातें झूठी मिलने की अब आस भी टूटी संस्मरण को आधार बनाकर जीवंत बना रखा है तुम्हारे

Farmaan E Fakir

“फिलहाल तो इसे हवा का झोंका ही समझलों, आँधी तो तब कहते जब ये हमे दो कदम पीछे ले जाती।”

मुसाफ़िर

सुन ओ रास्ते से जाते मुसाफ़िर मुझे भी साथ तू ले चल मुसाफ़िर, साथ-साथ तय कर लेंगे ये सफ़र, दो

एहसास मोहब्बत का फिर से

एहसास मोहब्बत का फिर से फिर से इस दिल को किसी अजनबी की यादो ने घेड़ा है फिर से इस

लखनऊ

#लखनऊ लखनऊ से प्यार है मुझे, ज़िन्दगी के एक साल बिताये हैं वहां पर, ज़िन्दगी की उठापटक ने दिल्ली में

कौन हो तुम?

She- कौन हूँ मैं? Me: सप्ताह के 6 दिन जीतोड़ काम करने के बाद इतवार को मिलने वाला सुकून हो